भारतीय सराफा बाजार के इतिहास में बुधवार का दिन एक मील का पत्थर साबित हुआ। देश की राजधानी दिल्ली के स्पॉट मार्केट में चांदी की कीमतों ने सभी पुराने रिकॉर्ड ध्वस्त करते हुए पहली बार 2,00,000 रुपये प्रति किलोग्राम के मनोवैज्ञानिक स्तर को पार कर लिया है। केवल एक दिन में चांदी की कीमतों में 7,300 रुपये की भारी तेजी दर्ज की गई, जिसने निवेशकों और आम उपभोक्ताओं को हैरान कर दिया है।
चांदी की कीमतों में 'दिसंबर धमाका'
दिसंबर का महीना चांदी के लिए असाधारण रहा है। आंकड़ों के अनुसार, इस महीने अब तक चांदी की कीमतों में 20 फीसदी से ज्यादा की बढ़ोतरी हो चुकी है।
-
नवंबर का अंत: ₹1,71,200 प्रति किलोग्राम
-
वर्तमान भाव: ₹2,05,800 प्रति किलोग्राम
-
कुल वृद्धि: ₹34,600 प्रति किलोग्राम (दिसंबर में)
विशेषज्ञों का मानना है कि इस तेजी के पीछे सबसे बड़ा कारण डिमांड और सप्लाई का असंतुलन है। औद्योगिक मांग (Industrial Demand) में जबरदस्त इजाफा हुआ है, जबकि उस अनुपात में वैश्विक स्तर पर चांदी की आपूर्ति कम बनी हुई है।
सोने की चमक भी हुई तेज
चांदी के साथ-साथ सोने की कीमतों में भी तेजी का रुख बना हुआ है। दिल्ली के स्थानीय बाजार में सोना 600 रुपये प्रति 10 ग्राम महंगा होकर 1,36,500 रुपये पर पहुंच गया।
-
नवंबर के अंत में सोना ₹1,30,160 पर था, यानी दिसंबर में अब तक इसमें 6,340 रुपये की तेजी आ चुकी है।
-
हालांकि, वायदा बाजार (MCX) में मामूली उतार-चढ़ाव देखा गया, लेकिन स्पॉट मार्केट में मांग मजबूत बनी हुई है।
इंटरनेशनल मार्केट का असर
वैश्विक स्तर पर भी कीमती धातुओं के दाम आसमान छू रहे हैं:
-
चांदी: अंतरराष्ट्रीय बाजार में चांदी पहली बार 66 डॉलर प्रति औंस के पार निकलकर 66.52 डॉलर के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई।
-
सोना: वैश्विक हाजिर सोना 0.43% बढ़कर 4,321.06 डॉलर प्रति औंस पर कारोबार कर रहा है।
| धातु |
दिल्ली स्पॉट प्राइस (आज) |
एक दिन पहले का भाव |
बदलाव |
| चांदी |
₹2,05,800 /kg |
₹1,98,500 /kg |
+₹7,300 |
| सोना |
₹1,36,500 /10g |
₹1,35,900 /10g |
+₹600 |
वायदा बाजार (MCX) में भी रिकॉर्ड तोड़ प्रदर्शन
मल्टी कमोडिटी एक्सचेंज (MCX) पर भी चांदी ने नया इतिहास रचा। कारोबारी सत्र के दौरान चांदी ने 2,06,111 रुपये प्रति किलोग्राम का अब तक का सबसे उच्चतम स्तर (Life-time High) छुआ। सोने की बात करें तो एमसीएक्स पर यह 1,35,249 रुपये के करीब पहुंचकर कारोबार कर रहा है।
आगे क्या है उम्मीद?
बाजार के जानकारों का कहना है कि चांदी की इंडस्ट्रियल डिमांड (जैसे सोलर पैनल और इलेक्ट्रिक वाहन) बढ़ने और वैश्विक आर्थिक अनिश्चितताओं के कारण कीमतों में अभी और तेजी आ सकती है। यदि सप्लाई की स्थिति में सुधार नहीं हुआ, तो आने वाले दिनों में सराफा बाजार में नए ऊंचे स्तर देखने को मिल सकते हैं।